परमाणु बम के बाद कड़ी निंदा बना दुनिया का सबसे शक्तिशाली हथियार- भारत कड़ी निंदा रखने वाले हथियारों में शामिल ,बना नंबर 1 देश

ये भारत का दुर्भाग्य है की हर बार हमले के बाद हमारे नेता ये रटा रटाया बयान देते है आखिर कब तक हमारे नेता सिर्फ ब्यान ही देते रहेंगे ।कब तक भारत के निर्दोष  लोग आतंकवादियों का शिकार होते रहेंगे। हमारे नेताओ को तो शर्म नही आती ।

हर बार भारत के प्रधान मंत्री और गृह एवं रक्षा मंत्री सिर्फ बयान देते है जो सबको पता है वो क्या होता है ...
अभी अमरनाथ यात्रियों पर हमले के बाद भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला

सबसे पहले कहेंगे की हम इस आतंकवादी घटना की कड़ी  निंदा करते है और भर्तसना करते हैं
फिर कहेंगे घटना में शहीद हुए जवानों के घर वालो के प्रति सवंदनाये प्रकट करते हैं
फिर आपातकालीन(हाई लेवल) बैठक बुलाई जाएगी
फिर पुरे देश में हाई अलर्ट जारी होगा
फिर हमारे प्रधानमंत्री ट्वीट करेंगे और कहेंगे दोषियों को  बक्शा नही  जायेगा  ..ईंट  का जवाब  पत्थर  से  देंगे.
और फिर शहीदों के घर वालो को 10-10 लाख रुपया का एलान होगा और  घायलो को 2 लाख....
दो दिन तक खबर मीडिया में रहेगी फिर सब भूल जायेंगे और अगली घटना का इंतज़ार होगा
ऐसा सभी सरकारें करती आयी हैं चाहे वो कांग्रेस हो या भाजपा  । ट्वीट से ही कार्यवाई कर लेते हैं हमारे नेता

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